पिछले 12 वर्षों में 50 करोड़ लोग भीषण गरीबी से बाहर आए, पीएम मोदी का बड़ा दावा

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत में गरीबी कम होने को लेकर एक बड़ी उपलब्धि का दावा किया है। उन्होंने कहा कि पिछले 12 वर्षों में देश के करीब 50 करोड़ लोग भीषण गरीबी से बाहर आए हैं। प्रधानमंत्री के मुताबिक, यह बदलाव देश की आर्थिक प्रगति और गरीबों के कल्याण के लिए चलाई जा रही सरकारी योजनाओं का परिणाम है।

पीएम मोदी ने बताया कि सरकार ने गरीब और जरूरतमंद परिवारों को बेहतर सुविधाएं देने के लिए लगातार प्रयास किए हैं। मुफ्त राशन, प्रधानमंत्री आवास योजना, आयुष्मान भारत, उज्ज्वला योजना और स्वच्छ भारत मिशन जैसी योजनाओं के जरिए लोगों के जीवन स्तर को सुधारने पर जोर दिया गया है। इसके साथ ही जनधन खातों और डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से सरकारी सहायता सीधे लाभार्थियों तक पहुंचाई जा रही है।

प्रधानमंत्री के अनुसार, साल 2011 में देश की करीब 27.1 प्रतिशत आबादी अत्यधिक गरीबी में जीवन गुजार रही थी। वहीं, 2023 तक यह आंकड़ा घटकर 2.6 प्रतिशत रह गया। विश्व बैंक के आंकड़ों के आधार पर इस अवधि में करीब 49.6 करोड़ लोग अत्यधिक गरीबी से बाहर आए हैं। यह भारत में गरीबी कम होने के मामले में एक बड़ा बदलाव माना जा रहा है।

पीएम मोदी ने यह भी कहा कि देश में सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का दायरा तेजी से बढ़ा है। पहले जहां इन सुविधाओं का लाभ सीमित लोगों तक पहुंचता था, वहीं अब बड़ी संख्या में लोग सरकारी सुरक्षा और सहायता योजनाओं से जुड़ चुके हैं। सरकार का उद्देश्य गरीब परिवारों को केवल आर्थिक मदद देना ही नहीं, बल्कि उन्हें बेहतर शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और आत्मनिर्भरता के अवसर उपलब्ध कराना भी है।

प्रधानमंत्री ने भरोसा जताया कि सरकार गरीबी कम करने और आम लोगों के जीवन में सुधार लाने के लिए आगे भी प्रयास जारी रखेगी। उन्होंने कहा कि देश को विकसित भारत बनाने के लक्ष्य को हासिल करने के लिए हर वर्ग का आर्थिक और सामाजिक विकास जरूरी है।