त्योहारों की सुरक्षा को लेकर सीएम योगी सख्त, अधिकारियों-कर्मचारियों की छुट्टियां निरस्त

उत्तर प्रदेश में दीपोत्सव, दीपावली, छठ और देव दीपावली को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश की कानून-व्यवस्था और तैयारियों की समीक्षा की। मंगलवार, 3 नवंबर को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए हुई बैठक में उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी त्योहार शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न हों। सुरक्षा और नागरिक सुविधाओं में किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। त्योहारों को देखते हुए शासन से लेकर तहसील और थाना स्तर तक के अधिकारियों-कर्मचारियों की छुट्टियां निरस्त कर दी गई हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि त्योहारों के माहौल को बिगाड़ने और अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति के तहत सख्त कार्रवाई की जाए। सोशल मीडिया पर 24 घंटे निगरानी रखी जाए। अयोध्या में 7 नवंबर को होने वाले दीपोत्सव के दौरान श्रद्धालुओं और पर्यटकों की सुरक्षा के लिए विशेष इंतजाम किए जाएं। यातायात और रूट डायवर्जन की योजना पहले से तैयार कर लोगों को इसकी जानकारी दी जाए। प्रमुख मंदिरों और संवेदनशील धार्मिक स्थलों पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया जाए। बाजारों में 24 घंटे पुलिस निगरानी, पैदल गश्त और सीसीटीवी कैमरों के जरिए सुरक्षा सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।

पटाखों की दुकानों और अस्थायी गोदामों को घनी आबादी से दूर खुले और सुरक्षित स्थानों पर लगाने को कहा गया है। अग्निशमन विभाग को जरूरी उपकरणों के साथ 24 घंटे अलर्ट रहने के निर्देश दिए गए। इसके अलावा नगर विकास और पंचायती राज विभाग को विशेष सफाई अभियान चलाने, जलभराव और कूड़े की समस्या दूर करने तथा एंटी-लार्वा फॉगिंग कराने को कहा गया। त्योहारों के दौरान शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में निर्बाध बिजली और साफ पेयजल की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए। परिवहन विभाग को अतिरिक्त बसें चलाने और अनफिट वाहनों पर कार्रवाई करने को कहा गया।

मुख्यमंत्री ने राशन वितरण में घटतौली करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने और पेंशनरों के लंबित चिकित्सा बिलों का जल्द निस्तारण करने के निर्देश दिए। उन्होंने आउटसोर्स कर्मचारियों और आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों का मानदेय त्योहार से पहले खातों में भेजने को भी कहा। किसानों के लिए यूरिया और डीएपी की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा खाद की जमाखोरी और कालाबाजारी करने वालों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए। धान क्रय केंद्रों पर पारदर्शी तरीके से खरीद करने और किसानों को किसी तरह की परेशानी न होने देने पर भी जोर दिया।

बैठक में मुख्य सचिव, पुलिस महानिदेशक, अपर मुख्य सचिव, प्रमुख सचिव, मंडलायुक्त, जिलाधिकारी, पुलिस आयुक्त और अन्य वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। मुख्यमंत्री ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिया कि त्योहारों के दौरान सुरक्षा, स्वच्छता और आम लोगों की सुविधाओं का विशेष ध्यान रखा जाए, ताकि प्रदेश में सभी पर्व शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो सकें।