टाटा समूह विवाद: नोएल टाटा ने रखे दो प्रस्ताव, एसपी ग्रुप के 25 हजार करोड़ पर मांगा जवाब

टाटा समूह में एक बार फिर बड़े फैसलों को लेकर हलचल तेज हो गई है। टाटा ट्रस्ट्स के चेयरमैन नोएल टाटा ने टाटा संस के बोर्ड के सामने दो अहम प्रस्ताव रखे हैं। पहला प्रस्ताव शापूरजी पालोनजी (SP) ग्रुप को 25 हजार करोड़ रुपये के भुगतान से जुड़ा है, जबकि दूसरा टाटा संस के पुनर्गठन को लेकर है।

दरअसल, एसपी ग्रुप के पास टाटा संस की करीब 18.38 प्रतिशत हिस्सेदारी है। कर्ज का बोझ कम करने के लिए ग्रुप अपनी कुछ हिस्सेदारी बेचकर कम से कम 25 हजार करोड़ रुपये जुटाना चाहता है। नोएल टाटा ने इस प्रस्ताव पर कंपनी से भुगतान के तरीके, शेयरों की कीमत और कानूनी प्रक्रिया की पूरी जानकारी मांगी है।

दूसरे प्रस्ताव में टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स और टाटा कंसल्टिंग इंजीनियर्स के टाटा संस में विलय की संभावनाओं पर विचार करने की बात कही गई है। इसका उद्देश्य कंपनी के ढांचे में बदलाव करना और भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के नियमों से जुड़ी चुनौतियों का समाधान तलाशना है।

नोएल टाटा ने इन दोनों प्रस्तावों को 26 नवंबर को होने वाली बोर्ड बैठक में शामिल करने की मांग की है। उन्होंने प्रबंधन से दोनों मामलों के वित्तीय और कानूनी पहलुओं पर विस्तृत जानकारी भी मांगी है।

फिलहाल इन प्रस्तावों पर अंतिम फैसला नहीं हुआ है। अब सबकी नजर बोर्ड बैठक पर है। इसके फैसले से टाटा संस के भविष्य, शेयर बाजार में उसकी लिस्टिंग और एसपी ग्रुप के साथ उसके रिश्तों पर असर पड़ सकता है।