हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान की ‘नकली पगड़ी’ वाली टिप्पणी पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। सैनी ने कहा कि पगड़ी उनके लिए सिर्फ पहनावे का हिस्सा नहीं है, बल्कि सिख गुरुओं के प्रति सम्मान, श्रद्धा, आस्था और विश्वास का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि पगड़ी की परंपरा उन्हें गुरुओं से मिली है और इसे लेकर किसी भी तरह की टिप्पणी लोगों की धार्मिक भावनाओं से जुड़ती है। सैनी ने मान की टिप्पणी को बेहद दुर्भाग्यपूर्ण बताया।
दरअसल, भगवंत मान ने हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के पंजाब दौरे और उनके पगड़ी पहनने को लेकर तंज कसा था। मान ने आरोप लगाया कि सैनी अपनी गाड़ी में पगड़ी रखते हैं और पंजाब पहुंचने के बाद उसे पहनते हैं। उन्होंने कहा था कि पंजाब के लोग इस तरह की ‘नकली पगड़ी’ पहनकर उनका दिल नहीं जीता जा सकता। मान की इसी टिप्पणी के बाद दोनों नेताओं के बीच सियासी बयानबाजी तेज हो गई।
सैनी ने पलटवार करते हुए कहा कि अगर भगवंत मान पगड़ी को ‘नकली’ बता रहे हैं, तो उन्हें उस पवित्र स्थान पर जाकर माफी मांगनी चाहिए, जहां गुरुओं ने यह दस्तार सजाई थी। उन्होंने मान से गुरुओं और पंजाब की जनता से भी माफी मांगने की मांग की। सैनी ने कहा कि सिख गुरुओं की शहादत और उनकी कुर्बानियों की वजह से आज समाज इस स्थिति तक पहुंचा है और लोगों को उनके दिखाए रास्ते पर चलना चाहिए।
यह विवाद ऐसे समय सामने आया है जब पंजाब में राजनीतिक गतिविधियां तेज हैं और नायब सिंह सैनी का पंजाब में लगातार दौरा भी चर्चा में है। सैनी के पगड़ी पहनकर पंजाब में लोगों से संवाद करने को लेकर भी राजनीतिक बहस चल रही है। वहीं, भगवंत मान की टिप्पणी के बाद अब मुद्दा केवल दोनों नेताओं की राजनीतिक बयानबाजी तक सीमित नहीं रहा, बल्कि पगड़ी के धार्मिक और सांस्कृतिक सम्मान से भी जुड़ गया है। आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर दोनों पक्षों की ओर से और बयान सामने आने की संभावना है।





