आज शाम थम जाएगा चुनावी शोर, बीजेपी, राजद और जन सुराज ने प्रचार में झोंकी पूरी ताकत

पटना: बिहार में चुनाव प्रचार अपने अंतिम चरण में पहुंच चुका है। आज शाम चुनाव प्रचार का शोर थम जाएगा, जिसके बाद राजनीतिक दल मतदाताओं तक सीधे प्रचार नहीं कर सकेंगे। प्रचार के आखिरी दिन भारतीय जनता पार्टी (भाजपा), राष्ट्रीय जनता दल (राजद) और जन सुराज समेत सभी प्रमुख दलों ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी है।


भाजपा की ओर से वरिष्ठ नेताओं और स्टार प्रचारकों ने कई जनसभाओं और रोड शो के जरिए मतदाताओं को अपने पक्ष में करने की कोशिश की। पार्टी ने विकास, कानून-व्यवस्था, बुनियादी ढांचे और केंद्र व राज्य सरकार की योजनाओं को चुनावी मुद्दा बनाया।


वहीं, राष्ट्रीय जनता दल ने रोजगार, महंगाई, सामाजिक न्याय और किसानों से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाया। राजद के शीर्ष नेताओं ने विभिन्न क्षेत्रों में जनसभाएं कर मतदाताओं से अपने उम्मीदवारों के पक्ष में मतदान करने की अपील की। पार्टी का दावा है कि जनता बदलाव चाहती है और इसका असर मतदान में दिखाई देगा।


दूसरी ओर, जन सुराज ने भी चुनाव प्रचार के अंतिम दिन पूरी ताकत के साथ अभियान चलाया। पार्टी ने शिक्षा, स्वास्थ्य, भ्रष्टाचार पर नियंत्रण और बेहतर प्रशासन को अपना प्रमुख एजेंडा बताया। जन सुराज के नेताओं ने लोगों से पारंपरिक राजनीति से अलग विकल्प चुनने की अपील की।


निर्वाचन आयोग के नियमों के अनुसार, प्रचार समाप्त होने के बाद उम्मीदवार और राजनीतिक दल सार्वजनिक सभाएं, रोड शो और अन्य चुनावी गतिविधियां नहीं कर सकेंगे। इस अवधि में केवल मतदाता अपने विवेक से मतदान की तैयारी करेंगे।


राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि प्रचार के अंतिम दिन हुई रैलियां और जनसभाएं चुनावी माहौल को प्रभावित कर सकती हैं। हालांकि अंतिम फैसला मतदाताओं के हाथ में होगा, जो मतदान के दिन अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे।


अब सभी दलों की नजर मतदान और उसके बाद आने वाले चुनाव परिणामों पर टिकी है। चुनाव प्रचार समाप्त होने के साथ ही प्रशासन भी शांतिपूर्ण और निष्पक्ष मतदान सुनिश्चित करने के लिए सुरक्षा व्यवस्था को अंतिम रूप देने में जुट गया है।