नई दिल्ली: सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X के मालिक एलन मस्क और रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन मुकेश अंबानी के बीच चल रहे विवाद में अब पूर्व IPL चेयरमैन ललित मोदी की भी एंट्री हो गई है। मस्क की ‘Prime Minister Ambani’ वाली टिप्पणी पर प्रतिक्रिया देते हुए ललित मोदी ने कहा कि X का मालिक होने से किसी को भारत के फैसलों पर वीटो का अधिकार नहीं मिल जाता।
दरअसल, एलन मस्क इन दिनों भारत में अपनी सैटेलाइट इंटरनेट सेवा स्टारलिंक (Starlink) की शुरुआत में हो रही देरी को लेकर सवाल उठा रहे हैं। उन्होंने सोशल मीडिया पर मुकेश अंबानी को निशाने पर लेते हुए व्यंग्यात्मक अंदाज में उन्हें ‘प्रधानमंत्री अंबानी’ कहकर संबोधित किया। मस्क ने आरोप लगाया कि भारत के दूरसंचार बाजार में प्रतिस्पर्धा को प्रभावित किया जा रहा है और स्टारलिंक को कारोबार शुरू करने का अवसर नहीं मिल रहा है।
मस्क ने अपनी पोस्ट में यह भी कहा कि स्टारलिंक भारत के उन क्षेत्रों में इंटरनेट पहुंचाने में मदद कर सकता है, जहां अभी कनेक्टिविटी की कमी है। उनके मुताबिक, सैटेलाइट इंटरनेट से छात्रों को शिक्षा के बेहतर अवसर मिल सकते हैं और छोटे कारोबारियों को अपने उत्पादों को वैश्विक बाजार तक पहुंचाने में मदद मिल सकती है।
ललित मोदी की प्रतिक्रिया को इस विवाद में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के प्रभाव और भारत की नियामक व्यवस्था से जुड़े सवालों के संदर्भ में देखा जा रहा है। उनका संदेश इस बात पर जोर देता है कि किसी वैश्विक तकनीकी कंपनी का मालिक होना किसी देश की नीतियों या नियामकीय फैसलों पर अधिकार नहीं देता।
वहीं, भारत के संचार मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि देश में सैटेलाइट संचार सेवाओं के लिए नियामकीय व्यवस्था निष्पक्ष और भेदभाव रहित है। मंत्रालय के अनुसार, स्टारलिंक सहित संबंधित कंपनियों को सेवाएं शुरू करने से पहले निर्धारित सुरक्षा आवश्यकताओं और अन्य शर्तों को पूरा करना होगा।
स्टारलिंक की भारत में शुरुआत को लेकर जारी यह विवाद अब कारोबारी प्रतिस्पर्धा के साथ-साथ सोशल मीडिया पर सार्वजनिक बयानबाजी का मुद्दा भी बन गया है। हालांकि, ललित मोदी की टिप्पणी के सटीक शब्दों और मूल पोस्ट की स्वतंत्र पुष्टि के बिना उनके बयान के विस्तृत संदर्भ को लेकर सावधानी बरतना जरूरी है।





