नई दिल्ली में चुनाव आयोग और SIR यानी विशेष गहन पुनरीक्षण को लेकर विपक्ष के विरोध के बीच बीजेपी ने कांग्रेस और राहुल गांधी पर तीखा हमला बोला है। बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता संबित पात्रा ने विपक्ष के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि बीजेपी की मदद मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार नहीं, बल्कि भगवान गणेश कर रहे हैं। उन्होंने विपक्ष पर संवैधानिक संस्थाओं को लगातार निशाना बनाने का आरोप लगाया।
संबित पात्रा ने कहा कि विपक्ष चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठा रहा है, जबकि ज्ञानेश कुमार की मुख्य चुनाव आयुक्त के रूप में नियुक्ति 19 फरवरी 2025 को हुई थी। उन्होंने कहा कि 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव इससे पहले ही हो चुके थे। ऐसे में यह दावा करना सही नहीं है कि बीजेपी को इन चुनावों में जीत ज्ञानेश कुमार की वजह से मिली।
SIR को लेकर विपक्ष का आरोप है कि मतदाता सूची में सुधार के नाम पर वास्तविक मतदाताओं के नाम प्रभावित किए जा सकते हैं। इसके जवाब में बीजेपी का कहना है कि SIR का उद्देश्य मतदाता सूची को अपडेट करना और मृत, डुप्लीकेट या अपात्र मतदाताओं के नाम हटाना है। पात्रा ने Form-6 और मतदाता सूची से जुड़े राहुल गांधी के दावों पर भी सवाल उठाते हुए विपक्ष पर भ्रम फैलाने का आरोप लगाया।
पात्रा ने कांग्रेस से यह भी सवाल किया कि अगर चुनाव में ‘वोट चोरी’ हुई है तो कांग्रेस के नेता चुनाव जीतकर संसद तक कैसे पहुंचे। उन्होंने अलग-अलग राज्यों में कांग्रेस और विपक्षी दलों की सरकार बनने का जिक्र करते हुए उनके आरोपों पर जवाब मांगा।
इस पूरे विवाद के बीच बीजेपी और विपक्ष के बीच चुनाव आयोग, SIR और मतदाता सूची को लेकर राजनीतिक टकराव बढ़ता जा रहा है। विपक्ष जहां चुनाव प्रक्रिया की पारदर्शिता पर सवाल उठा रहा है, वहीं बीजेपी इन आरोपों को खारिज करते हुए कांग्रेस पर राजनीतिक मुद्दा बनाने का आरोप लगा रही है। संबित पात्रा का ‘ज्ञानेश जी नहीं, गणेश जी’ वाला बयान इसी राजनीतिक बहस के बीच सामने आया है।





