नासिक: टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) से जुड़े कथित धार्मिक परिवर्तन और यौन उत्पीड़न मामले में आरोपी निदा खान को नासिक की सत्र अदालत से जमानत मिल गई है। अदालत ने सह-आरोपी तौसीफ अत्तार को भी राहत दी, जबकि एक अन्य आरोपी दानिश शेख की जमानत याचिका खारिज कर दी।निदा खान को मई 2026 में गिरफ्तार किया गया था।
सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष ने अदालत के समक्ष उनकी गर्भावस्था को जमानत का प्रमुख आधार बताया। अदालत ने सभी पक्षों की दलीलें सुनने के बाद उन्हें नियमित जमानत देने का फैसला सुनाया। हालांकि, विस्तृत आदेश का इंतजार है।यह मामला नासिक स्थित TCS से जुड़े एक BPO केंद्र में कथित यौन उत्पीड़न, धार्मिक परिवर्तन के लिए दबाव, मानसिक उत्पीड़न और धार्मिक भावनाएं आहत करने जैसे आरोपों से जुड़ा है।
मामले की जांच विशेष जांच दल (SIT) कर रहा है और अब तक कई एफआईआर दर्ज की जा चुकी हैं।जांच एजेंसियों के अनुसार, निदा खान पर आरोप है कि उन्होंने एक महिला सहकर्मी को इस्लामी धार्मिक सामग्री, मोबाइल एप और अन्य धार्मिक संसाधन उपलब्ध कराए तथा उसे धार्मिक गतिविधियों के लिए प्रेरित किया। वहीं, बचाव पक्ष ने इन आरोपों से इनकार करते हुए उन्हें निराधार बताया है।
इन आरोपों पर अंतिम निर्णय अभी अदालत द्वारा नहीं दिया गया है।अदालत ने सह-आरोपी दानिश शेख की जमानत याचिका यह कहते हुए खारिज कर दी कि उनके खिलाफ लगाए गए आरोप प्रथम दृष्टया गंभीर प्रकृति के हैं और मामले की जांच अभी जारी है।
फिलहाल, निदा खान को जमानत मिलने से उन्हें कानूनी राहत जरूर मिली है, लेकिन मामले की जांच और न्यायिक प्रक्रिया आगे भी जारी रहेगी। अंतिम निर्णय अदालत में सुनवाई पूरी होने के बाद ही होगा।




