बॉलीवुड अभिनेता अमिताभ बच्चन अयोध्या में अपने पिता और मशहूर हिंदी कवि डॉ. हरिवंश राय बच्चन की स्मृति में एक मेमोरियल धर्मशाला बनवाने की तैयारी कर रहे हैं। इसके लिए अयोध्या विकास प्राधिकरण यानी ADA में भवन के नक्शे की मंजूरी के लिए आवेदन किया गया है। प्रस्तावित धर्मशाला में 20 से अधिक कमरे होने की जानकारी सामने आई है।
यह धर्मशाला अयोध्या के दशरथ पथ के किनारे स्थित ‘द सरयू’ प्रोजेक्ट में बनाई जाएगी। रिपोर्टों के मुताबिक, अमिताभ बच्चन ने इस परियोजना में करीब 54 हजार वर्ग फुट जमीन लगभग 15 करोड़ रुपये में खरीदी थी। अब इसी जमीन पर हरिवंश राय बच्चन की स्मृति से जुड़ा यह प्रस्तावित निर्माण किया जाना है।
अयोध्या विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष अनुराग जैन ने बताया कि अमिताभ बच्चन की ओर से 20 से ज्यादा कमरों वाली धर्मशाला के नक्शे के लिए आवेदन प्राप्त हुआ है। फिलहाल प्रस्ताव पर सार्वजनिक आपत्तियां मांगी गई हैं। इसके लिए 15 दिनों का समय दिया गया है। आपत्ति की अवधि पूरी होने और जरूरी जांच के बाद नियमों के अनुसार नक्शे को मंजूरी दी जाएगी।
मंजूरी मिलने के बाद निर्माण कार्य अक्टूबर में शुरू होने की संभावना बताई जा रही है। प्रस्तावित धर्मशाला का उद्देश्य अयोध्या आने वाले श्रद्धालुओं और अन्य आगंतुकों को व्यवस्थित ठहरने की सुविधा उपलब्ध कराना है। हालांकि, निर्माण शुरू होने से पहले प्रशासनिक मंजूरी की प्रक्रिया पूरी होना जरूरी है।हरिवंश राय बच्चन हिंदी साहित्य के प्रमुख कवियों और अनुवादकों में गिने जाते हैं। उनकी 1935 में प्रकाशित प्रसिद्ध कृति ‘मधुशाला’ आज भी हिंदी साहित्य की चर्चित रचनाओं में शामिल है। उन्हें साहित्य के क्षेत्र में योगदान के लिए पद्म भूषण से सम्मानित किया गया था। उन्होंने शेक्सपियर की कई रचनाओं का हिंदी में अनुवाद भी किया था।
अयोध्या में प्रस्तावित यह धर्मशाला पिता की स्मृति को समर्पित होने के साथ-साथ शहर आने वाले श्रद्धालुओं के लिए एक आवासीय सुविधा के रूप में भी विकसित की जाएगी। फिलहाल परियोजना नक्शे की मंजूरी की प्रक्रिया में है और अंतिम निर्माण स्वरूप प्रशासनिक स्वीकृति के बाद ही स्पष्ट होगा।





