केप वर्डे के फोगो द्वीप पर दर्दनाक हादसा, खाई में गिरी बच्चों से भरी बस; 25 की मौत, 18 घायल

अफ्रीकी देश केप वर्डे के फोगो द्वीप पर शनिवार को एक बेहद दर्दनाक सड़क हादसा हुआ। बच्चों और किशोरों को लेकर जा रही एक बस पहाड़ी सड़क से फिसलकर करीब 30 मीटर गहरी खाई में जा गिरी। हादसे में कम से कम 25 लोगों की मौत हो गई, जिनमें ज्यादातर बच्चे और किशोर बताए जा रहे हैं। कई अन्य लोग घायल हुए हैं, जिनमें कुछ की हालत गंभीर है।

स्थानीय अधिकारियों के अनुसार बस में कुल 32 लोग सवार थे। यह बस फोगो द्वीप के चा दास काल्देइरास इलाके में स्थित पिको दो फोगो ज्वालामुखी क्षेत्र से एक भ्रमण के बाद साओ फिलिपे की ओर लौट रही थी। कैंपानास डी सिमा के पहाड़ी मार्ग पर बस अचानक सड़क से बाहर निकल गई और गहरी खाई में जा गिरी। हादसे की सही वजह अभी स्पष्ट नहीं हुई है और इसकी जांच की जा रही है।

रिपोर्ट्स के मुताबिक बस में सवार ज्यादातर बच्चे और युवा कराल ग्रांडे तथा पोंटा वर्डे इलाकों के छात्र थे। कुछ रिपोर्टों में घायल बच्चों की उम्र 6 से 11 वर्ष के बीच बताई गई है। बस चालक भी हादसे में मारा गया। बताया जा रहा है कि वही चालक हर साल बच्चों के लिए इस तरह के भ्रमण का आयोजन करता था।

हादसे के बाद राहत और बचाव दल पूरी रात घटनास्थल पर काम करते रहे। दुर्घटनास्थल बेहद दुर्गम और चट्टानी इलाके में होने के कारण बचाव अभियान में काफी मुश्किलें आईं। कई लोग बस के मलबे में फंसे हुए थे, जिन्हें निकालने के लिए आपातकालीन टीमों को काफी मशक्कत करनी पड़ी।स्थानीय रिपोर्टों के अनुसार 18 घायल लोगों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जिनमें चार की हालत गंभीर बताई गई है। हादसे में मारे गए कुछ लोगों के शवों का अंतिम संस्कार रविवार को ही किया गया। स्थानीय प्रशासन पीड़ित परिवारों को सहायता उपलब्ध कराने में जुटा है।

केप वर्डे के राष्ट्रपति जोस मारिया परेरा नेवेस ने हादसे को “बहुत बड़ी त्रासदी” बताया और पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की। राष्ट्रपति और अन्य अधिकारी फोगो द्वीप का दौरा कर प्रभावित परिवारों और स्थानीय समुदाय से मिलने वाले हैं। सरकार ने इस त्रासदी के बाद दो दिन के राष्ट्रीय शोक की घोषणा भी की है।

फिलहाल हादसे के कारणों की आधिकारिक जांच जारी है। शुरुआती रिपोर्टों में बस के नियंत्रण से बाहर होने की बात सामने आई है, लेकिन यह स्पष्ट नहीं है कि दुर्घटना किस वजह से हुई। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही हादसे की वास्तविक वजह सामने आ सकेगी।