दिल्ली में मंगलवार को कई स्कूलों को ईमेल के जरिए बम से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद हड़कंप मच गया। धमकी मिलते ही स्कूल परिसरों को खाली कराया गया और दिल्ली पुलिस, बम निरोधक दस्ते तथा डॉग स्क्वॉड की टीमें मौके पर पहुंचीं। पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों ने स्कूलों में तलाशी अभियान शुरू किया है। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, अभी तक किसी परिसर से विस्फोटक या संदिग्ध वस्तु मिलने की पुष्टि नहीं हुई है।
धमकी वाले ईमेल में लोगों को 29 सितंबर तक मेट्रो से यात्रा नहीं करने की चेतावनी भी दी गई थी। इस अतिरिक्त चेतावनी के बाद सुरक्षा एजेंसियां मामले को गंभीरता से ले रही हैं और ईमेल भेजने वाले की पहचान करने की कोशिश की जा रही है। पुलिस की साइबर टीमें भी जांच में जुटी हैं।अधिकारियों के अनुसार, धमकी मिलने के बाद संबंधित स्कूलों में मौजूद छात्रों और कर्मचारियों को एहतियात के तौर पर सुरक्षित स्थानों पर ले जाया गया। पुलिस और बम डिस्पोजल टीमों ने परिसर के अलग-अलग हिस्सों की जांच शुरू की। इस तरह के मामलों में सुरक्षा एजेंसियां पहले पूरे परिसर को सुरक्षित करती हैं और उसके बाद विस्तृत एंटी-सबोटाज जांच की जाती है।
फिलहाल सामने आई ताजा रिपोर्ट में मंगलवार को धमकी पाने वाले सभी स्कूलों की पूरी सूची आधिकारिक तौर पर उपलब्ध नहीं कराई गई है। इसलिए सोशल मीडिया पर प्रसारित किसी भी सूची को आधिकारिक सूची मानना उचित नहीं होगा। पुलिस की जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि कुल कितने स्कूलों को धमकी भेजी गई और सभी ईमेल एक ही स्रोत से आए थे या नहीं।
दिल्ली में इस तरह के ईमेल से धमकी मिलने की घटनाएं पहले भी सामने आती रही हैं। 8 सितंबर को भी राजधानी के कई स्कूलों और सरकारी कार्यालयों को इसी तरह के धमकी भरे ईमेल मिले थे। उस समय बम डिटेक्शन और डॉग स्क्वॉड की जांच के बाद सभी स्थानों को सुरक्षित घोषित किया गया था और कोई विस्फोटक नहीं मिला था। पुलिस और साइबर टीमों ने ईमेल के स्रोत की जांच शुरू की थी।

इससे पहले फरवरी 2026 में भी दिल्ली के कई स्कूलों को एक साथ बम धमकी वाले ईमेल मिले थे। उस मामले में जिन संस्थानों का नाम सामने आया था, उनमें लोरेटो कॉन्वेंट स्कूल, दिल्ली कैंट, वेंकटेश्वर ग्लोबल स्कूल रोहिणी, कैम्ब्रिज स्कूल श्रीनिवासपुरी और न्यू फ्रेंड्स कॉलोनी, द इंडियन स्कूल सादिक नगर, सीएम श्री स्कूल रोहिणी, डीटीईए स्कूल आईएनए, बाल भारती स्कूल रोहिणी और मानव स्थली स्कूल न्यू राजेंद्र नगर शामिल थे।
बार-बार सामने आ रही ऐसी धमकियों के कारण स्कूल प्रशासन, अभिभावकों और छात्रों में चिंता बढ़ी है। हालांकि, पिछली कई घटनाओं में धमकियां फर्जी पाई गई हैं, लेकिन सुरक्षा एजेंसियां हर अलर्ट को गंभीरता से लेते हुए जांच करती हैं। मंगलवार की ताजा घटना में भी अंतिम निष्कर्ष जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएगा। फिलहाल पुलिस ने लोगों से घबराने के बजाय आधिकारिक सूचना पर भरोसा करने की अपील की है।





