‘कॉकरोच कभी नहीं मरते’, रिहाई के बाद CJP का बयान चर्चा में

दिल्ली में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के नेताओं की रिहाई के बाद पार्टी का बयान चर्चा में है। पार्टी ने सोशल मीडिया पर कहा, ‘कॉकरोच कभी नहीं मरते।’ यह बयान ऐसे समय में आया है, जब पार्टी के नेताओं को मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर प्रस्तावित प्रदर्शन से पहले हिरासत में लिया गया था।

पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके और दो अन्य नेताओं सौरव दास व आशुतोष रांका को दिल्ली पुलिस ने शनिवार को हिरासत में लिया था। तीनों नेता चुनावी वोटर लिस्ट में बदलाव और चुनाव प्रक्रिया से जुड़े मुद्दों को लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग के समर्थन में प्रदर्शन करने पहुंचे थे।

रविवार, 11 अक्टूबर को कार्यकारी मजिस्ट्रेट की अदालत ने तीनों नेताओं को रिहा करने का आदेश दिया। हालांकि, उन्हें एक साल तक शांति भंग नहीं करने की शर्त पर रिहा किया गया। इसके लिए तीनों को 50-50 हजार रुपये का जमानत बांड भी भरना पड़ा।

रिहाई के बाद पार्टी का बयान, ‘कॉकरोच कभी नहीं मरते’, उसके समर्थकों और राजनीतिक हलकों में चर्चा का विषय बन गया है। पार्टी के इस संदेश को उसके विरोध और आंदोलन को जारी रखने के इरादे से जोड़कर देखा जा रहा है। इस घटना के बाद एक बार फिर विरोध प्रदर्शन के अधिकार, पुलिस की कार्रवाई और चुनाव प्रक्रिया में पारदर्शिता जैसे मुद्दे चर्चा में आ गए हैं।