CJP कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी पर भड़के राहुल गांधी, बोले- जंतर-मंतर लेकर रहेंगे

दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन करने पहुंचे कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी को लेकर विवाद बढ़ गया है। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने इस कार्रवाई पर नाराजगी जताई और प्रदर्शनकारियों का समर्थन किया। उन्होंने कहा कि लोगों को अपनी बात रखने और विरोध दर्ज कराने का अधिकार है। इस घटना के बाद प्रदर्शन की अनुमति और पुलिस की कार्रवाई को लेकर राजनीतिक बहस तेज हो गई है।

CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके और उनकी पार्टी के कार्यकर्ता मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे थे। उनका आरोप है कि मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR की प्रक्रिया में अनियमितताएं हुई हैं। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि चुनाव प्रक्रिया से जुड़े मुद्दों पर उनकी आवाज सुनी जानी चाहिए और उन्हें शांतिपूर्ण तरीके से विरोध करने का अवसर मिलना चाहिए।

प्रदर्शन के दौरान दिल्ली पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी थी और बैरिकेडिंग लगाई गई थी। इसके बावजूद CJP के कार्यकर्ता जंतर-मंतर पहुंचे और वहां तिरंगा फहराया। पुलिस ने सौरव दास, आशुतोष रांका और अजिंक्य शिंदे समेत कई लोगों को हिरासत में लिया। पुलिस की कार्रवाई के बाद मामले ने और तूल पकड़ लिया।

राहुल गांधी ने कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी पर सवाल उठाते हुए इसे गलत बताया और उनके विरोध के अधिकार का समर्थन किया। वहीं, अभिजीत दीपके ने भी आंदोलन जारी रखने की बात कही। उन्होंने प्रदर्शनकारियों की मांगों और जंतर-मंतर पर विरोध करने के अधिकार को लेकर अपनी लड़ाई जारी रखने का संकेत दिया।

इस पूरे मामले ने दिल्ली में प्रदर्शन की अनुमति, नागरिकों के विरोध करने के अधिकार और चुनाव प्रक्रिया से जुड़े सवालों को फिर चर्चा में ला दिया है। अब इस मामले में राजनीतिक प्रतिक्रियाओं के साथ-साथ पुलिस की कार्रवाई और प्रदर्शनकारियों की मांगों पर भी सबकी नजर बनी हुई है।