राजस्थान के जोधपुर में आयोजित बहुराष्ट्रीय सैन्य अभ्यास ‘तरंग शक्ति’ के दौरान भारत समेत कई देशों की वायु सेनाओं ने अपनी हवाई ताकत और युद्ध कौशल का प्रदर्शन किया। अभ्यास में फ्रांस के राफेल लड़ाकू विमान और जर्मनी के A-400M एटलस सैन्य परिवहन विमान ने भी हिस्सा लिया। इन विमानों ने आसमान में अलग-अलग युद्धाभ्यास और ऑपरेशनल क्षमताओं का प्रदर्शन किया।
फ्रांस का राफेल भारतीय वायुसेना के प्रमुख लड़ाकू विमानों में शामिल है। इस अभ्यास के दौरान राफेल ने अपनी तेज गति, आधुनिक हथियार प्रणाली और हवा में अलग-अलग मिशन को अंजाम देने की क्षमता का प्रदर्शन किया। राफेल की मौजूदगी ने अभ्यास को और खास बना दिया।
वहीं, जर्मनी के A-400M एटलस ने भी अपनी ताकत दिखाई। यह एक आधुनिक सैन्य परिवहन विमान है, जिसे सैनिकों, हथियारों और जरूरी सैन्य सामान को लंबी दूरी तक पहुंचाने के लिए इस्तेमाल किया जाता है। यह विमान कम दूरी वाले रनवे से भी उड़ान भरने और मुश्किल परिस्थितियों में ऑपरेशन करने की क्षमता रखता है।
‘तरंग शक्ति’ का उद्देश्य अलग-अलग देशों की वायु सेनाओं के बीच सहयोग और तालमेल को मजबूत करना है। ऐसे अभ्यासों में पायलट और सैन्य दल एक-दूसरे के साथ काम करने, संयुक्त मिशन की तैयारी और आधुनिक युद्ध परिस्थितियों में बेहतर समन्वय का अभ्यास करते हैं। जोधपुर के आसमान में राफेल और A-400M समेत अन्य विमानों का प्रदर्शन भारत की बढ़ती रक्षा साझेदारी और बहुराष्ट्रीय सैन्य सहयोग को भी दिखाता है।





